Tu Akela Hi To Aaya Tha Yahan (तू अकेला ही तो आया था यहाँ)
Arts
किसका करे है इंतज़ार तू किस पर करे है ऐतबार तू ये सफ़र और मंजिलें तेरे ख्वाबों की ताबीर सी हैं इन राहों को जुस्तजू तेरे जैसे तन्हा राहगीर से है तो फिर झिझक है किस बात की तू अकेला ही तो आया था यहाँ हाथ पकड़ अपने सायें का अकेला ही चलता चल..

